उपनल कर्मियों का शोषण कर रही प्रदेश सरकार: मोर्चा
विकासनगर। जन संघर्ष मोर्चा ने प्रदेश सरकार पर उपनल कर्मियों के शोषण का आरोप लगाते हुए सुप्रीम कोर्ट में दायर एसएलपी वापस लेने की मांग की है। ऐसा नहीं करने पर मोर्चा ने आंदोलन की चेतावनी दी। शनिवार को अस्पताल रोड स्थित कैंप कार्यालय में मीडिया से वार्ता करते हुए जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष रघुनाथ नेगी ने कहा कि प्रदेश सरकार कर्मचारियों और आम जनता के हितों को लेकर बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन धरातल पर स्थिति इसके बिल्कुल जुदा है। उन्होंने कहा कि उपनल कर्मियों के मामले में उच्च न्यायालय ने उपनल कर्मियों को नियमित करने, जीएसटी और सर्विस टैक्स नहीं काटने के आदेश प्रदेश सरकार को दिए थे, लेकिन सरकार ने इन कर्मचारियों की राह में रोड़ा अटकाने के लिए इस आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में एलएसपी दाखिल कर दी, जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने इस आदेश पर रोक लगा दी। नेगी ने कहा कि इसी तरह राज्य आंदोलनकारियों के क्षैतिज आरक्षण के मामले में सरकार की ओर से की गई लचर पैरवी से आंदोलनकारियों के हितों पर कुठाराघात हुआ है। सरकार मॉडिफिकेशन एप्लीकेशन और अपने नोटिफिकेशन को बचाने में नाकामयाब रही। उन्होंने कहा कि मोर्चा सरकार से मांग करता है कि खनन माफिया और कारोबारियों की चिंता छोड़कर उपनल कर्मियों और राज्य आंदोलनकारियों के मामले में मजबूत पैरवी की जाए।
