नशा मुक्ति जागरूकता के लिए आशा वर्करों को दिया प्रशिक्षण
ऋषिकेश। हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के कम्युनिटी मेडिसिन विभाग ने आशा वर्करों को नशा उन्मूलन जागरूकता के लिए प्रशिक्षण दिया। वक्ताओं ने आशाओं को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारियां दीं। मंगलवार को एचआईएमएस ने सहसपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जागरूकता शिविर आयोजित किया। प्रशिक्षण शिविर में कार्यक्रम संयोजक डॉ. जयंती सेमवाल ने लोगों को समझाया कि वास्तव में नशीले पदार्थ क्या होते हैं और वे नशा कैसे करते हैं। उन्होंने कहा कि नशाखोरी आज के समय में एक बड़ी चुनौती बन गई है। एक बड़ा युवा वर्ग इसकी चपेट में है। स्कूलों में चोरी-छिपे बिक रहे नशीले पदार्थ, नशीली गोलियां युवाओं का भविष्य बर्बाद कर रहे हैं। मेडिसिन विभाग के चिकित्सक डॉ. एके श्रीवास्तव ने नशीले पदार्थ के सभी हानिकारक प्रभावों के बारे में बताया। मौके पर डॉ. विदिशा वल्लभ, डॉ. दीप शिखा, डॉ. दिव्या शर्मा आदि उपस्थित रहे।
