ग्रामीणों ने जल निकासी की व्यवस्था दुरूस्त कराने को उठाई मांग
उरई
दहगुवां गांव में मुख्य सडक़ पर कीचड़ ही कीचड़ नजर आ रहा है। लोगों को कीचड़ से होकर निकलना पड़ रहा है। जिससे गांव के लोग परेशान हैं। ग्रामीणों ने पानी की निकासी की व्यवस्था दुरूस्त कराने की मांग जिलाधिकारी से की है।
ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम दहगुवां के बाशिदें इन दिनों मुसीबत से जूझ रहे हैं। गांव में पानी व कीचड़ से लोगों का चलना मुश्किल हो रहा है। एक तो वैसे ही सर्दी का मौसम चल रहा है ऐसे में कहीं अगर जाना हो तो ठंडे और गंदे पानी से होकर लोगों को निकलना पड़ रहा है। गांव में वर्षों पूर्व खडंजा बिछाया गया था। जो अब पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुका है। नालियां टूटी होने की वजह से पानी की निकासी की उचित व्यवस्था नहीं है। ऐसे में पानी सडक़ों पर ही भरा रहता है। पानी व मिट्टी के मिलने से सडक़ पर कीचड़ ही कीचड़ नजर आ रहा है। गांव में यदि कोई दोपहिया वाहन से जाता है तो कीचड़ में निकलना मुश्किल होता है। कई बार बाइक सवार कीचड़ में गिरकर चुटहिल हो चुके हैं। ग्रामीण दीपक, राहुल, बलराम, किशन आदि ने बताया कि ग्रामीण कई बार रास्ते और नालियों को दुरूस्त कराने की शिकायत लिखित व मौखिक रूप से कर चुके हैं। इसके बावजूद कोई सुनवाई नहीं हुई है। गांव के मुख्य रास्ते पर एक बार लगभग 200 मीटर सीसी रोड डलवाई गई थी। उतना हिस्सा सही है बाकी गांव में लगभग यही हालत है। रास्तों की हालत के चलते लोगों का घरों से निकलना दूभर है। बच्चे भी बाहर खेलने के लिए नहीं निकल पाते हैं। कीचड़ व जलभराव से मच्छर व अन्य कीड़े मकाड़ों का भी डर रहता है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से रास्ते को दुरूस्त कराने के साथ ही जलभराव की समस्या के स्थाई समाधान की मांग की है।
