57 शोधार्थियों ने प्रदर्शित किए शोध कार्य
ऋषिकेश। श्रीदेव सुमन विवि परिसर ऋषिकेश में दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय शिक्षण एवं वैज्ञानिक सम्मेलन हुआ। इसमें 57 प्रतिभागियों ने पोस्टर एवं ओरल प्रेजेंटेशन के जरिए शोध प्रदर्शित किए। रविवार को श्रीदेव सुमन विवि परिसर ऋषिकेश में अंतरराष्ट्रीय शिक्षण एवं वैज्ञानिक सम्मेलन के दूसरे दिन का शुभारंभ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम डंगवाल ने किया। टैक्सास रियो ग्रैंड वैली विवि यूएसए के सहायक प्रोफेसर डॉ. मनीष त्रिपाठी ने कोलोरेक्टल कैंसर की प्रगति एवं इसके रूप परिवर्तन के बारे में बताया। कहा कि कोलोरेक्टल कैंसर दुनिया भर में होने वाला तीसरा सबसे आम कैंसर है। प्रो. मोहम्मद सिकंदर ने कैंसर के क्षेत्र में अपने शोध कार्यों के बारे में बताया। टैक्सास रियो ग्रांडे वैली विवि की डॉ. शबनम तथा डॉ. अनुपम धस्माना ने अपने-अपने शोध कार्यों की जानकारी दी। इसके बाद जापान से हाउ कैन तथा रेनू वाधवा ने फाइटोकेमिकल्स तथा एंटी स्ट्रेस एक्टिविटी पर शोध के बारे में बताया। राइंका तपोवन से आए राम आसरे सिंह ने चमत्कारों के पीछे के वैज्ञानिक तथ्यों को बताया। इस दौरान 57 प्रतिभागियों ने पोस्टर एवं ओरल प्रेजेंटेशन के जरिए अपने-अपने शोध कार्यों को प्रदर्शित किया। समापन अवसर पर सम्मेलन में आए वक्ताओं को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। मौके पर जापान के डॉ. सी यांग, डॉ. महेंद्र गहलोत, डॉ. अभिषेक चौहान, प्रो. गुलशन कुमार ढींगरा, डॉ. मनोज कुमार, डॉ. अशोक कुमार, डॉ. सुभाष चौहान, डॉ. रुपेश आदि उपस्थित रहे।
