वंचित राज्य आंदोलनकारियों का 10वें दिन भी धरना जारी
पिथौरागढ़।
वंचित राज्य आंदोलनकारियों का धरना-प्रदर्शन दसवें दिन भी जारी रहा। उन्होंने शासन-प्रशासन पर वास्तविक आंदोलनकारियों की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। कहा राज्य आंदोलन के दौरान अहम भूमिका निभाने वाले सैकड़ों लोग अभी भी सम्मान से वंचित हैं। लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है।बुधवार को टकाना स्थित रामलीला मैदान में वंचित राज्य आंदोलनकारी एकत्र हुए। इस दौरान उन्होंने शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया और बाद में धरने में बैठ गए। संगठन की सदस्य राजेश्वरी शास्त्री ने कहा राज्य आंदोलन के दौरान सैकड़ों लोगों ने अहम भूमिका निभाई, लेकिन उनका कहीं जिक्र नहीं है। राज्य आंदोलनकारी प्रमाण पत्र के लिए वे सालों से सरकारी कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। लेकिन उन्हें राहत नहीं मिल रही। मोहन चंद्र पांडे और मीनू पुनेठा ने सरकार से सभी वंचित आंदोलनकारियों का सम्मान करते हुए जल्द निर्णय लेने को कहा। कहा जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जाती वे आंदोलन जारी रखेंगे।
ये रहे शामिल- पूर्व सभासद राजेंद्र जंग, हरीश सिंह, दिवान सिंह बिष्ट, राजेंद्र सिंह, त्रिभुवन जोशी, मदन सिंह, सुभाष तिवारी, भगवान बल्लभ पंत, राजेंद्र प्रसाद, गोविन्द बोरा, राजेन्द्र जंग, भागीरथी पुनेड़ा आदि रहे।
