दिल्ली के ठगों ने रुड़की में की थी 50हजार की धोखाधड़ी
रुड़की
शहर में हजारों रुपये की बैंक में धोखाधड़ी को दिल्ली के ठगों ने अंजाम दिया था। रुड़की पुलिस ने एक ठग को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि तीन ठगों के नाम पतों की जानकारी पुलिस को मिली है। हालांकि कोई रकम पुलिस बरामद नहीं कर पाई है। सिविल लाइंस कोतवाली को प्रदीप विहार मिलाप नगर ढंडेरा निवासी प्रमोद कुमार राम ने तहरीर देकर बताया था कि मोहनपुर के भारतीय स्टेट बैंक में सात नवंबर को चेक के माध्यम से 1.40 लाख रुपये निकालने गया था। पैसे निकालने के बाद जब वह बैंक में बैठा तो दो युवक आए और फार्म भरने में उसकी मदद मांगी। दोनों युवकों ने कहा कि उन्हें ढाई लाख रूपए जमा कराने है। और इसके लिए उन्होंने उसे विश्वास में लेकर फार्म भरवाया। और इस बीच पचास हजार रुपये की एक गड्डी को बदल लिया। बैंक से बाहर आने के बाद पीड़ित ने जब नोट देखे तो 500 रुपये की गड्डी में उपर एक नेट असली बाकी कोरे कागज लगे हुए थे। इससे पहले वह कुछ समझपाता ठग वहां से फरार हो चुके थे। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी थी। मामला उप निरीक्षक बारू सिंह चौहान को सौंपा गया था। घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरों को पुलिस ने खंगाला था। जहां से पुलिस को ठगों के बारे में अहम सुराग हाथ लगा था। जिसके बाद पुलिस ने रविवार को धोखाधड़ी में सुशील कुमार पुत्र रामवृक्ष निवासी गोवर्धनपुर थाना कल्याणपुर जिला समस्तीपुर बिहार हाल पता ए 1/ 36 विनोदपुरी क्लब नई दिल्ली को गिरफ्तार किया है।
ठगों का आपराधिक इतिहास खंगाल रही पुलिस: ठगों ने जिस तरीके से रुड़की में नकली गड्डी के सहारे हजारों रुपये की धोखाधड़ी की है, वह प्रोफेशनल गैंग का ही हाथ हो सकता है। तीन ठगों के बारे में भी पुलिस को अहम सुराग हाथ लग चुका है। रुड़की के अलावा गैंग के सदस्य कहां-कहां धोखाधड़ी कर चुकी है। इसके बारे में पुलिस जानकारी जुटा रही है। बिहार और दिल्ली के पतों की स्थानीय कोतवाली और थानों में पुलिस ने संपर्क करने की तैयार कर ली है।
बाहरी राज्यों के अपराधी शहर में सक्रिय: शहर में एटीएम केबिन में चिप, कैमरा लगाने वाला गैंग भी सालों पूर्व सक्रिय हुआ था। हालांकि गैंग को पुलिस ने गिरफ्तार कर पूरे गैंग का पर्दाफाश कर दिया था। वही एटीएम मशीन को हैक करने वाला एक ठग भी सालों पूर्व मच्छी मोहल्ला के पास भी स्थित भारतीय स्टेट बैंक के एटीएम केबिन से सुरक्षा कर्मी ने लोगों की मदद से पकड़ लिया था। इसके अलावा शहर में एटीएम कार्ड बदलकर धोखाधड़ी करने वाला गैंग भी शहर में सक्रिय है। जो आज तक पुलिस को हत्थे नहीं चढ़ा है।
