केजरीवाल ने लोगों के पैसे लूटने का एक जरिया भी नहीं छोड़ा: मीनाक्षी लेखी
नई दिल्ली। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर भाजपा जबरदस्त तरीके से हमलावर है। केंद्रीय मंत्री मीनाक्षी लेखी ने कहा कि साफ तौर पर कहा कि केजरीवाल ने लोगों के पैसे लूटने का एक जरिया भी नहीं छोड़ा। उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि एक है नैतिक दोगलापन और दूसरा है कघनून का हनन। उन्होंने (अरविंद केजरीवाल) कहा था कि मैं गाड़ी नहीं लूंगा लेकिन 7 स्टार सुविधाएं खुद के लिए बना लीं और ये सब ऐसे समय में हुआ जब कोरोना था। तब ऑक्सीजन के लिए केंद्र से कहते रहे। उन्होंने कहा कि दिल्ली की जनता त्राहिमाम कर रही थी, तब कंस्ट्रक्शन पर रोक था लेकिन तब 45 करोड़ में निर्माण हुआ। उसी दौरान मजदूरों को दिल्ली से बाहर धकेला गया। यह नैतिक मूल्यों का हनन था।
लेखी ने साफ तौर पर कहा कि केजरीवाल ने लोगों के पैसे लूटने का एक जरिया भी नहीं छोड़ा है। उन्होंने कहा कि एक नियम है कि फर्नीचर/सज्जा की लागत एक निश्चित मूल्य से अधिक होने की स्थिति में वित्त विभाग की सहमति की आवश्यकता होती हैय पर केजरीवाल ऐसा करने से बच गए और होशियार का अभिनय करके देश को लूटा। साथ ही, ई-टेंडर प्रक्रियाओं में विचलन करने, ठेकेदार को लाभ देने और अपने भव्य घर के शानदार निर्माण गतिविधियों को करने के संबंध में उसके द्वारा कई अवैध प्रयास किए गए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में जब दिल्ली कोविड के तनाव से गुजर रही थी, वे उन चीजों की मांग कर रहे थे, जिनके लिए उनके पास कोई व्यवस्था या प्रबंधन करने की इच्छा नहीं थी।
लेखी ने साफ तौर पर कहा कि ये पूरी पार्टी ही ऐसी है जो सवाल इनसे पूछे जाते हैं उनके ये सीधे जवाब कभी नहीं देते। भाजपा नेता ने कहा कि लोगों को इस बात की सूचना होनी चाहिए कि ईडी ने अपनी चार्जशीट में तीन जगह संजय सिंह का नाम लिखा और एक जगह राहुल सिंह की जगह संजय सिंह लिखा गया। उन्होंने कहा कि ईडी की तरफ से यह टायपो एरर था जिसके करेक्शन की उसने अनुमति मांगी जबकि इन्होने कहा कि ईडी ने माफी मांगी है।
