अशोक गहलोत-सचिन पायलट विवाद में रंधावा की दो टूक, राजस्थान को पंजाब नहीं बनने दूंगा
नई दिल्ली। राजस्थान विधानसभा चुनाव 2023 से करीब सात माह पहले मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पूव डिप्टी सीएम सचिन पायलट के बीच जारी सियासी खींचतान नया मोड़ ले रही है। मामले में राजस्घ्थान प्रदेश कांग्रेस प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने तो यहां तक कह दिया कि वे राजस्घ्थान को पंजाब नहीं बनने नहीं देंगे। मतलब पंजाब की तरह राजस्थान कांग्रेस में सियासी हालात अधिक नहीं बिगड़ने देंगे।
दरअसल, सचिन पायलट हाल ही राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक दिन के अनशन पर बैठे। बैनर पर सिर्फ महात्घ्मा गांधी की तस्वीर लगी थी और वसुंधरा सरकार में हुए भ्रष्टाचार के खिलाफ अनशन लिखा था जबकि राजनीति के जानकारों का मानना था कि यह सचिन पायलट का यह अनशन अपनी ही पार्टी की सरकार के खिलाफ था।
इधर, दिल्घ्ली में राजस्घ्थान प्रदेश कांग्रेस सुखजिंदर सिंह रंधावा ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से मुलाकात की। इसके बाद मीडिया से बातचीत में कहा कि वे किसी भी हालत में राजस्थान को पंजाब नहीं बनने देंगे। रंधावा ने सचिन पायलट अनशन प्रकरण की प्रारम्भिक रिपोर्ट भी पार्टी अध्यक्ष को सौंपी है।
रंधावा ने कहा कि सचिन पायलट के अनशन, उससे पहले और बाद में दिए गए भाषण एवं बयानों का भी वे अध्ययन करेंगे। सचिन पायलट द्वारा उठाए गए मुद्दे सही हैं, मगर उनका तरीका गलत है। सितम्बर में विधायक दल की बैठक में हुई अनुशासनहीनता पर लंबित कार्रवाई के सवाल पर रंधावा बोले कि मैं उस समय प्रभारी नहीं था। होता तो इस सवाल का जवाब जरूर देता।
